Raipur: शहर के कुकुरबेड़ा क्षेत्र में रविवार को जबरन मतांतरण को लेकर विवाद गहरा गया. आरोप है कि मसीही समाज से जुड़े कुछ लोग कोचिंग की आड़ में बच्चों और बस्तीवासियों को धर्म परिवर्तन के लिए उकसा रहे हैं. सरस्वती नगर थाने में इस मामले में दो लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की गई, लेकिन अब तक गिरफ्तारी नहीं हुई है.
बस्तीवासियों के अनुसार, पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर 30 संदिग्धों को हिरासत में लिया था, मगर कुछ घंटों बाद उन्हें थाने से छोड़ दिया गया. इसके बाद आरोपियों ने दोबारा बस्ती में पहुंचकर शिकायत करने वालों को धमकाना शुरू कर दिया. बस्ती में रहने वाली शंपा ने बताया कि संजू बाग नामक महिला बच्चों को कोचिंग देती है और उन्हीं के माध्यम से देवी-देवताओं के खिलाफ भड़काती है.
शंपा ने आरोप लगाया कि संजू बच्चों से कहती है, “तुम्हारे भगवान में कोई शक्ति नहीं है. पत्थर के हैं, इन्हें ठंडा कर दो. यीशु की प्रार्थना करो, वो मरे हुए को भी जिंदा कर देते हैं.” शंपा ने यह भी दावा किया कि संजू ने उन्हें धर्म परिवर्तन का प्रस्ताव देते हुए आर्थिक स्थिति सुधारने का लालच भी दिया था.
स्थानीय लोगों के मुताबिक, यह गतिविधि कई वर्षों से चल रही है, लेकिन पिछले दो वर्षों से यह खुलकर सामने आने लगी है. पुलिस पर कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाते हुए बस्तीवासियों में आक्रोश है. वहीं प्रशासन इस मामले को लेकर जांच जारी रखने की बात कह रहा है.























































