Indore: इंदौर के व्यापारी राजा रघुवंशी की हत्या के मामले में चौंकाने वाला मोड़ सामने आया है. इस जघन्य अपराध के चार आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है. इंदौर क्राइम ब्रांच के एसीपी पूनम चंद यादव ने बताया कि इन चारों ने न केवल हत्या स्वीकार की है, बल्कि यह भी खुलासा किया है कि राजा की पत्नी सोनम रघुवंशी हत्या के समय घटनास्थल पर मौजूद थी और उसने अपने पति को मरते देखा.
एसीपी यादव के मुताबिक, आरोपी विशाल उर्फ विक्की ठाकुर ने राजा पर पहला हमला किया. पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने राजा को तेजधार हथियारों से मारा और फिर शव को चेरापूंजी के पास एक गहरी खाई में फेंक दिया. आरोपी विशाल, आकाश और आनंद ने इंदौर से ट्रेन पकड़ी और कई स्टेशन बदलते हुए मेघालय पहुंचे. इस सफर के लिए उन्हें आर्थिक मदद राज कुशवाह ने दी, जिस पर सोनम के साथ संबंध होने का शक है.
आरोपियों के अनुसार, सोनम हत्या के वक्त मौजूद थी और उसने अपने पति की हत्या होते हुए देखी. पुलिस के अनुसार, सोनम पूरी यात्रा के दौरान राज कुशवाह से फोन पर संपर्क में थी, जिससे उनके बीच रिश्ते और साजिश की पुष्टि होती है. हालांकि यह अभी साफ नहीं हो पाया है कि हत्या के बाद सोनम मेघालय में रुकी या इंदौर लौट आई. मेघालय पुलिस इस पहलू की जांच कर रही है.
राजा और सोनम की शादी 10 मई को हुई थी और दोनों हनीमून पर शिलांग पहुंचे थे. 21 मई को वे सोहरा घूमने के लिए स्कूटी से निकले, लेकिन 22 मई से लापता हो गए. 2 जून को राजा का क्षत-विक्षत शव खाई से बरामद हुआ. जांच में पता चला कि सिर पर दो जानलेवा वार किए गए थे.
9 जून को सोनम ने उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले में एक ढाबे पर आत्मसमर्पण किया. वहीं, उसके पिता ने उसे निर्दोष बताया और पुलिस पर मनगढ़ंत कहानी बनाने का आरोप लगाया. राज कुशवाह के परिवार ने भी उसे निर्दोष बताया और कहा कि वह हत्या के समय काम पर था. फिर भी, आरोपियों की स्वीकारोक्ति के बाद पुलिस की जांच अब सोनम और राज की भूमिका पर केंद्रित हो गई है.



