Jhar Media: चुटिया रांची का एक ऐतिहासिक और प्राचीन क्षेत्र है जो कभी छोटानागपुर के नागवंशी राजाओं की राजधानी हुआ करता था.
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि और नामकरण
- राजधानी: दूसरी शताब्दी में नागवंशी राजा प्रताप राय ने अपनी राजधानी सुतियांबे से यहाँ स्थानांतरित की थी.
- नामकरण: ऐसा माना जाता है कि ‘सुतियांबे’ या ‘सुतिया’ शब्द के उच्चारण में बदलाव (अपभ्रंश) के कारण इस क्षेत्र का नाम चुटिया पड़ा.

नामकरण: ऐसा माना जाता है कि ‘सुतियांबे’ या ‘सुतिया’ शब्द के उच्चारण में बदलाव (अपभ्रंश) के कारण इस क्षेत्र का नाम चुटिया पड़ा.
चुटिया हाड़म: इस क्षेत्र का नाम ‘चुटिया हाड़म’ के नाम पर भी रखे जाने की बात इतिहास में मिलती है.
प्रमुख ऐतिहासिक स्थल और परंपराएं
- प्राचीन राम मंदिर: चुटिया में स्थित ऐतिहासिक श्रीराम (राधाबल्लभ) मंदिर का निर्माण नागवंशी राजा रघुनाथ शाहदेव ने 1685-1686 के आसपास करवाया था.
- संत आगमन: कहा जाता है कि महान संत चैतन्य महाप्रभु और आदिवासी जननायक बिरसा मुंडा भी इस ऐतिहासिक मंदिर परिसर में आए थे.
होलिका दहन: चुटिया में लगभग 1300 साल पहले नागवंशी राजाओं द्वारा होलिका दहन की परंपरा शुरू की गई थी, जो आज भी चली आ रही है.
अन्य रोचक तथ्य
- स्वतंत्रता प्राप्ति के समय चुटिया एक हरा-भरा गाँव था जो सब्जियों की बंपर खेती के लिए प्रसिद्ध था.
उस समय यहाँ के जनजीवन में कुओं से सिंचाई और पारंपरिक व्यवस्था का विशेष महत्व था.


