धोनी की राह पर शिखर मोहन, JVM श्यामली से पढ़ाई और मेकॉन ग्राउंड में क्रिकेट का ककहरा सीखा
Ranchi : झारखंड की क्रिकेट प्रतिभा ने एक बार फिर देश का ध्यान अपनी ओर खींचा है। रांची के शिखर मोहन का भारतीय क्रिकेट टीम में चयन हुआ है। बाएं हाथ के धाकड़ बल्लेबाज शिखर मोहन अब न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट मैच में भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व करेंगे। उनके चयन से रांची के क्रिकेट प्रेमियों और खेल जगत में खुशी का माहौल है।
धोनी की तरह JVM श्यामली से पढ़ाई, मेकॉन ग्राउंड में निखरा हुनर
शिखर मोहन की कहानी कई मायनों में भारतीय क्रिकेट के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी से मिलती-जुलती है। शिखर भी धोनी के शहर रांची से आते हैं। उन्होंने भी धोनी की तरह जवाहर विद्या मंदिर (JVM), श्यामली से शिक्षा प्राप्त की है। इतना ही नहीं, जिस मेकॉन ग्राउंड में धोनी ने अपने क्रिकेट कौशल को निखारा था, उसी मैदान पर शिखर ने भी क्रिकेट की बारीकियां सीखीं और अपनी प्रतिभा को तराशा।
रांची की धरती ने भारतीय क्रिकेट को कई प्रतिभाशाली खिलाड़ी दिए हैं। ऐसे में शिखर का भारतीय टीम तक पहुंचना शहर की क्रिकेट परंपरा के लिए एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
पिता भी रहे हैं तेज गेंदबाज
शिखर मोहन को क्रिकेट का माहौल परिवार से भी मिला है। उनके पिता सूरज मोहन पेशे से अधिवक्ता हैं, लेकिन अपने जमाने में वह भी तेज गेंदबाज रहे हैं। क्रिकेट के प्रति परिवार की रुचि और खेल से जुड़ाव ने शिखर की यात्रा को खास बनाया है।
बाएं हाथ की बल्लेबाजी पर रहेंगी निगाहें
बाएं हाथ के आक्रामक बल्लेबाज शिखर मोहन से न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट मुकाबले में अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है। भारतीय टीम में उनका चयन रांची के युवा क्रिकेटरों के लिए भी प्रेरणा बनेगा।
धोनी के बाद रांची से आने वाले खिलाड़ियों ने लगातार अपनी प्रतिभा का परिचय दिया है। अब शिखर मोहन के सामने भी भारतीय टीम में अपनी जगह मजबूत करने और देश के लिए यादगार प्रदर्शन करने का अवसर है। रांची के क्रिकेट प्रशंसकों को उम्मीद है कि शिखर अपनी बल्लेबाजी से टीम इंडिया की सफलता में अहम देंगे।


