Ranchi: जिले में अंधविश्वास का एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। चोरी के आरोप में एक 18 वर्षीय युवक को कथित तौर पर अमानवीय यातना दी गई। सच्चाई की “परीक्षा” लेने के नाम पर उसके दोनों हाथ उबलते गोबर मिश्रित पानी में डुबो दिए गए, जिससे वह गंभीर रूप से झुलस गया।
घटना नरकोपी थाना क्षेत्र के सरवा गांव की बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, गांव के एक परिवार के घर से करीब 20 हजार रुपये नकद चोरी हो गए थे। इसके बाद परिवार के लोगों ने गांव के ही अनूप उरांव (18), पिता बुधवा उरांव पर चोरी का आरोप लगाया।
आरोप है कि युवक को पकड़कर उसके दोनों हाथ उबलते हुए गोबर मिश्रित पानी में डाल दिए गए। आरोपियों का कहना था कि यदि अनूप ने चोरी नहीं की है तो उसे कोई नुकसान नहीं होगा। युवक दर्द से कराहता और अपनी बेगुनाही की गुहार लगाता रहा, लेकिन उसकी किसी ने नहीं सुनी।
गंभीर रूप से झुलसा युवक, अस्पताल में इलाज जारी
घटना के बाद परिजन झुलसे अनुज को इलाज के लिए रांची के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज चल रहा है। बताया जा रहा है कि युवक के दोनों हाथ बुरी तरह झुलस गए हैं।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस अस्पताल पहुंची और पीड़ित युवक तथा उसकी मां का बयान दर्ज किया। मां और बेटे के बयान के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस आरोपियों की पहचान कर आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है।
अंधविश्वास पर फिर उठे सवाल
यह घटना एक बार फिर समाज में व्याप्त अंधविश्वास और कुरीतियों की भयावह तस्वीर पेश करती है। वैज्ञानिक सोच और जागरूकता के बावजूद इस तरह की घटनाएं ग्रामीण इलाकों में कानून और मानवाधिकारों को चुनौती देती नजर आती हैं।


