Jhar Media: 2026 के पद्म पुरस्कारों की घोषणा हो गई है. जिसमें भारत सरकार ने मरणोपरांत दिशोम गुरु शिबू सोरेन को पद्मभूषण से सम्मानित करने का निर्णय लिया है। इस घोषणा के अनुसार शिबू सोरेन को पद्मभूषण (Posthumous) दिया जाएगा, जो भारत के नागरिकों को उनकी सेवा और योगदान के लिए दिया जाने वाला तीसरा सर्वोच्च नागरिक सम्मान है।
शिबू सोरेन झारखंड के एक प्रतिष्ठित आदिवासी नेता, पूर्व मुख्यमंत्री, और झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के संस्थापक संरक्षक थे। उन्हें “दिशोम गुरु” के नाम से जाना जाता था, जो आदिवासी समाज में उन्हें राह दिखाने वाला गुरु के रूप में सम्मान दिलाता है। उन्होंने झारखंड के अलग राज्य के गठन के आंदोलन में लगभग चार दशक तक नेतृत्व किया और सामाजिक न्याय, आदिवासी अधिकारों तथा भूमि-हक़ के लिए संघर्ष में अपना जीवन समर्पित किया।
उनका निधन 4 अगस्त 2025 को 81 वर्ष की आयु में हुआ था और उनके निधन के बाद देशभर में उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। अब 2026 के गणतंत्र दिवस से पहले सरकार द्वारा उनके योगदान को मान्यता देते हुए पद्मभूषण सम्मान की घोषणा की गई है।
पद्मभूषण सम्मान आमतौर पर उन विभूतियों को दिया जाता है जिन्होंने अपने क्षेत्र में असाधारण और विशिष्ट सेवाएँ दी हैं, और शिबू सोरेन का चयन इसी प्रतिबद्धता का प्रतीक माना जा रहा है।


